रासायनिक तत्व · संदर्भ पृष्ठ
54Xe

जेनॉन

जेनॉन परमाणु क्रमांक 54 और प्रतीक Xe वाला रासायनिक तत्व है। यह आवर्त 5, समूह 18, p-ब्लॉक में स्थित है। कमरे के तापमान पर इसकी संदर्भ अवस्था गैस है और इसका इलेक्ट्रॉन विन्यास [Kr] 4d10 5s2 5p6 है।

परमाणु क्रमांक54
मानक परमाणु भार131.293(6)
समूह18
आवर्त5
ब्लॉकp
इलेक्ट्रॉन विन्यास[Kr] 4d10 5s2 5p6
इलेक्ट्रॉनिक संरचना

इसकी रसायनिकी को क्या नियंत्रित करता है?

जेनॉन का संयोजक आवरण पूर्ण या लगभग पूर्ण है, इसलिए यह अधिकांश तत्वों की तुलना में कम अभिक्रियाशील होता है। भारी उत्कृष्ट गैसें उपयुक्त परिस्थितियों में कुछ यौगिक बना सकती हैं, लेकिन उनकी रसायनिकी सीमित रहती है।

जेनॉन का इलेक्ट्रॉन विन्यास [Kr] 4d10 5s2 5p6 है। समूह 18 की स्थिति कम रासायनिक अभिक्रियाशीलता को समझने का पहला संकेत देती है, हालांकि अति-भारी तत्वों में सापेक्षिक प्रभाव महत्वपूर्ण हो सकते हैं।

रासायनिक रूप

यौगिक, आयन और पदार्थ

जेनॉन सामान्यतः स्वतंत्र परमाणुओं के रूप में पाया जाता है और इसकी अभिक्रियाशीलता कम होती है। भारी उत्कृष्ट गैसें अत्यधिक विद्युतऋणात्मक तत्वों के साथ सीमित संख्या में यौगिक बना सकती हैं।

भौतिक व्यवहार

अवस्था और अवस्था परिवर्तन

कमरे के तापमान पर संदर्भ अवस्था गैस है। सूचीबद्ध घनत्व 5.894 g/L है। गलनांक 161.4 K (-111.7 °C) है। क्वथनांक 165.1 K (-108.1 °C) है। दाब, शुद्धता, क्रिस्टलीय संरचना और अपररूप मापे गए मानों को बदल सकते हैं, इसलिए भौतिक आँकड़ों के साथ मापन की परिस्थितियाँ भी महत्वपूर्ण होती हैं।

उपस्थिति और उपयोग

जेनॉन कहाँ मिलता है और कैसे उपयोग होता है?

व्यवहार में जेनॉन प्रकाश व्यवस्था, चिकित्सीय इमेजिंग उपकरण और आयन प्रणोदन जैसे क्षेत्रों में मिलता है। उपयोग की वास्तविक वजह शुद्ध तत्व, मिश्रधातु, यौगिक या किसी विशिष्ट समस्थानिक के गुण हो सकते हैं, इसलिए अनुप्रयोग समझते समय रासायनिक रूप को पहचानना जरूरी है।

व्यावहारिक उदाहरण

वास्तविक उपयोगों के उदाहरण

प्रकाश व्यवस्था

जेनॉन के परमाणु, आयन या यौगिक विद्युत उत्तेजना पर विशिष्ट प्रकाश उत्सर्जित करते हैं और इसलिए प्रकाश स्रोतों में उपयोग हो सकते हैं।

चिकित्सीय इमेजिंग उपकरण

जेनॉन वाले पदार्थ चिकित्सा इमेजिंग में डिटेक्टर, कंट्रास्ट, चुंबकीय घटक या विकिरण-संबंधी सामग्री के रूप में उपयोग हो सकते हैं।

आयन प्रणोदन

जेनॉन को आयनीकृत कर विद्युत क्षेत्र से त्वरित किया जा सकता है, जिससे कुछ अंतरिक्ष प्रणोदन प्रणालियों में प्रभावी थ्रस्ट मिलता है।

आवर्त स्थिति

पड़ोसी तत्व क्या बताते हैं?

जेनॉन आवर्त 5 और समूह 18 में स्थित है। इसके आसपास ब्रोमीन, क्रिप्टॉन, आयोडीन जैसे वास्तविक पड़ोसी तत्व हैं। इनसे तुलना करके परमाणु आकार, आयनीकरण ऊर्जा, बंधन और अभिक्रियाशीलता के आवर्ती रुझानों को सीधे देखा जा सकता है।

संदर्भ आँकड़े

भौतिक और परमाणवीय गुण

वर्गीकरणउत्कृष्ट गैस
कमरे के तापमान पर अवस्थागैस
इलेक्ट्रॉन आवरण2 · 8 · 18 · 18 · 8
घनत्व5.894 g/L
गलनांक161.4 K (-111.7 °C)
क्वथनांक165.1 K (-108.1 °C)
पॉलिंग विद्युतऋणात्मकता2.6
प्रथम आयनीकरण ऊर्जा1 170 kJ/mol
इलेक्ट्रॉन बंधुता—

जहाँ लागू हो, ये मान तत्व या उदासीन परमाणु का वर्णन करते हैं। भौतिक आँकड़े अपररूप, दाब, शुद्धता और मापन की परिस्थितियों पर निर्भर कर सकते हैं।

इतिहास

खोज और पहचान

जेनॉन की खोज या पहचान का इतिहास William Ramsay से जुड़ा है। किसी तत्व की पहली पहचान, शुद्ध नमूने का पृथक्करण और आधुनिक परमाणु क्रमांक का निर्धारण हमेशा एक ही समय पर नहीं हुआ।

समस्थानिक और परमाणु भार

समस्थानिक संरचना संख्याओं को कैसे बदलती है?

जेनॉन का मानक परमाणु भार 131.293(6) है। यह प्राकृतिक स्थलीय पदार्थ में समस्थानिक संरचना का भारित औसत है, किसी एक परमाणु का द्रव्यमान नहीं।

जेनॉन के समस्थानिकों में प्रोटॉन संख्या समान रहती है, इसलिए वे एक ही तत्व हैं, लेकिन न्यूट्रॉन संख्या और परमाणु द्रव्यमान अलग होते हैं। प्राकृतिक समस्थानिक अनुपात मानक परमाणु भार को प्रभावित कर सकता है।

सुरक्षा

संचालन और संपर्क

जेनॉन और उसके कुछ यौगिक विषैले हो सकते हैं। जोखिम रासायनिक रूप, मात्रा और संपर्क मार्ग पर निर्भर करता है, इसलिए वास्तविक पदार्थ के लिए उपयुक्त सुरक्षा डेटा का पालन करना चाहिए।